पेज 200 – इनटेक्स्ट प्रश्न
प्रश्न 1:
अच्छे स्वास्थ्य की दो आवश्यक स्थितियाँ बताइए।
उत्तर: अच्छे स्वास्थ्य की आवश्यक स्थितियाँ निम्न हैं [citation:2][citation:13]:
- उपयुक्त एवं संतुलित आहार – शरीर को सभी आवश्यक पोषक तत्व मिलें ।
- अच्छा भौतिक एवं सामाजिक पर्यावरण – स्वच्छ हवा, पानी, और तनावमुक्त वातावरण ।
- अच्छी आर्थिक स्थितियाँ – स्वास्थ्य सेवाओं तक पहुँच के लिए ।
प्रश्न 2:
रोगमुक्ति की कोई दो आवश्यक परिस्थितियाँ बताइए।
उत्तर: रोगमुक्ति के लिए आवश्यक स्थितियाँ [citation:2][citation:13]:
- व्यक्तिगत एवं घरेलू स्वच्छता – नियमित स्नान, साफ कपड़े, स्वच्छ भोजन ।
- सामुदायिक स्वच्छता – आस-पास साफ-सफाई, गंदे पानी का निपटान, टीकाकरण ।
प्रश्न 3:
क्या उपर्युक्त प्रश्नों के उत्तर एक जैसे हैं अथवा भिन्न? क्यों?
उत्तर: हाँ, दोनों प्रश्नों के उत्तर एक जैसे हैं [citation:2]।
क्योंकि यदि अच्छा स्वास्थ्य होगा तो हम रोगमुक्त भी होंगे। अतः अच्छे स्वास्थ्य एवं रोगमुक्त रहने के लिए आवश्यक स्थितियाँ समान हैं [citation:2][citation:13]।
पेज 203 – इनटेक्स्ट प्रश्न
प्रश्न 1:
ऐसे तीन कारण लिखिए, जिससे आप सोचते हैं कि आप बीमार हैं तथा चिकित्सक के पास जाना चाहते हैं। यदि इनमें से एक भी लक्षण हो तो क्या आप फिर भी चिकित्सक के पास जाना चाहेंगे? क्यों अथवा क्यों नहीं?
उत्तर: बीमार होने के तीन लक्षण जिनसे हम चिकित्सक के पास जाना चाहेंगे [citation:2][citation:9]:
- सिरदर्द – लगातार बना रहे ।
- ठंड लगना और खाँसी होना – बुखार के साथ ।
- लगातार दस्त होना – पानी जैसा मल ।
हाँ, यदि इनमें से एक भी लक्षण हो तो हमें चिकित्सक के पास जाना चाहिए [citation:2][citation:9]। क्योंकि:
- ये लक्षण किसी बीमारी के संकेत हो सकते हैं ।
- एक ही लक्षण (जैसे सिरदर्द) कई बीमारियों का कारण हो सकता है – इसलिए जाँच आवश्यक है [citation:2]।
प्रश्न 2:
निम्नलिखित में से किसके लंबे समय तक रहने के कारण आप समझते हैं कि आपके स्वास्थ्य पर बुरा प्रभाव पड़ेगा तथा क्यों?
(a) यदि आप पीलिया से ग्रस्त हैं।
(b) यदि आपके शरीर पर जूं (lice) हैं।
(c) यदि आप मुँहासों से ग्रस्त हैं।
उत्तर: (a) पीलिया (Jaundice) – इसका स्वास्थ्य पर सबसे बुरा प्रभाव पड़ता है [citation:2][citation:9][citation:10]।
- कारण: पीलिया यकृत (Liver) से संबंधित रोग है, जो शरीर के अन्य तंत्रों को भी प्रभावित कर सकता है [citation:2][citation:9]।
- यह दीर्घकालिक हो सकता है और समय पर उपचार न मिलने पर गंभीर हो सकता है [citation:9]।
- जूं (lice) और मुँहासे (acne) अल्पकालिक होते हैं और स्वच्छता से ठीक हो सकते हैं [citation:2][citation:9][citation:10]।
पेज 210 – इनटेक्स्ट प्रश्न
प्रश्न 1:
जब हम बीमार होते हैं तो आपको सुपाच्य तथा पोषणयुक्त भोजन खाने का परामर्श क्यों दिया जाता है?
उत्तर: बीमार होने पर सुपाच्य तथा पोषणयुक्त भोजन खाने की सलाह दी जाती है क्योंकि [citation:2][citation:8][citation:9]:
- बीमार होने पर पाचनतंत्र कमजोर हो जाता है और भूख कम लगती है [citation:2]।
- सुपाच्य भोजन आसानी से पचकर शरीर द्वारा अवशोषित हो जाता है [citation:2]।
- पोषणयुक्त भोजन प्रतिरक्षा तंत्र को मजबूत करता है और रोग से लड़ने की शक्ति देता है [citation:2][citation:8]।
- यह ऊर्जा प्रदान करता है और टूटे-फूटे ऊतकों की मरम्मत करता है [citation:2]।
उदाहरण: खिचड़ी, दलिया, सूप आदि सुपाच्य एवं पोषणयुक्त भोजन हैं ।
प्रश्न 2:
संक्रामक रोग फैलने की विभिन्न विधियाँ कौन-कौन सी हैं?
उत्तर: संक्रामक रोग फैलने की प्रमुख विधियाँ निम्न हैं [citation:8][citation:9][citation:10]:
| विधि | उदाहरण रोग |
| हवा (Airborne) – खाँसने/छींकने से निकली बूंदों द्वारा [citation:9] | जुकाम, निमोनिया, क्षय रोग (TB) [citation:8][citation:9] |
| पानी/भोजन (Water/Foodborne) – दूषित जल/भोजन द्वारा [citation:8] | हैजा, टाइफाइड, पीलिया [citation:8][citation:9] |
| शारीरिक संपर्क (Contact) – सीधा छूने से [citation:8] | त्वचा रोग, खाज, चेचक [citation:8] |
| यौन संपर्क (Sexual contact) [citation:8] | एड्स, सिफलिस [citation:8][citation:10] |
| वाहक (Vectors) – मच्छर, मक्खी आदि द्वारा [citation:8] | मलेरिया, डेंगू [citation:8] |
| शारीरिक द्रव (Body fluids) – रक्त, स्तन दूध आदि द्वारा [citation:8] | एड्स, हेपेटाइटिस-B [citation:8] |
अधिक भीड़-भाड़ वाले एवं खराब वेंटिलेशन वाले स्थानों में संक्रमण फैलने की संभावना अधिक होती है [citation:9]।
प्रश्न 3:
संक्रामक रोगों की घटनाओं को कम करने के लिए आप अपने विद्यालय में क्या सावधानियाँ बरतेंगे?
उत्तर: विद्यालय में संक्रामक रोगों को कम करने के लिए निम्न सावधानियाँ बरतेंगे [citation:10]:
- खाँसते/छींकते समय रूमाल या कागज का उपयोग करें [citation:10]।
- कूड़े का उचित निपटान करें [citation:10]।
- खाने से पहले हाथ धोएँ [citation:10]।
- टीकाकरण करवाएँ [citation:10]।
- आस-पास स्वच्छता रखें और रुके हुए पानी को न हटाएँ (मच्छरों के लिए) [citation:10]।
- कक्षाओं में हवादारी (ventilation) हो [citation:10]।